8th Pay Commission Salary Hike: केंद्रीय सरकारी कर्मचारियों और पेंशनर्स के बीच इस समय सबसे ज्यादा चर्चा 8वें वेतन आयोग को लेकर हो रही है। 7वें वेतन आयोग की अवधि 31 दिसंबर 2025 को समाप्त हो रही है, ऐसे में सभी की नजरें नए वेतन आयोग पर टिकी हैं। सबसे बड़ा सवाल यही है कि नया वेतन आयोग कब लागू होगा और इससे सैलरी व पेंशन में कितनी बढ़ोतरी होगी। सरकार ने 8वें वेतन आयोग के गठन और इसके टर्म्स ऑफ रेफरेंस को मंजूरी दे दी है और जस्टिस रंजना देसाई की अध्यक्षता में आयोग ने अपना काम भी शुरू कर दिया है। अब आने वाले समय में वेतन, नया बेसिक पे और एरियर को लेकर स्थिति धीरे-धीरे स्पष्ट होने की उम्मीद है।
8वां वेतन आयोग कब लागू होने की संभावना
हालांकि 7वें वेतन आयोग की अंतिम तारीख तय है, लेकिन 8वें वेतन आयोग को लागू करने की सटीक तारीख पर अभी सरकार ने कोई आधिकारिक ऐलान नहीं किया है। आयोग को अपनी रिपोर्ट सौंपने के लिए लगभग 18 महीने का समय दिया गया है। पिछले वेतन आयोगों के अनुभव को देखें तो रिपोर्ट आने के बाद उसे लागू करने में सरकार को 3 से 6 महीने का अतिरिक्त समय लगता है। इसी आधार पर माना जा रहा है कि 8वें वेतन आयोग की सिफारिशें 2027 के अंत या 2028 की शुरुआत में लागू हो सकती हैं। यानी जनवरी 2026 से सीधे लागू होने की संभावना अब कम नजर आ रही है और कुछ देरी तय मानी जा रही है।
वेतन में कितनी बढ़ोतरी हो सकती है
एम्बिट कैपिटल समेत कई आर्थिक विशेषज्ञों का अनुमान है कि 8वें वेतन आयोग के तहत केंद्रीय कर्मचारियों की सैलरी और पेंशन में करीब 30 से 34 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी हो सकती है। इस बढ़ोतरी का आधार फिटमेंट फैक्टर होगा, जिसके जरिए मौजूदा बेसिक सैलरी को नए वेतन ढांचे में बदला जाता है। रिपोर्ट्स के मुताबिक नया फिटमेंट फैक्टर 1.83 से 2.46 के बीच रह सकता है, जबकि ज्यादातर आकलन इसे करीब 2.28 मान रहे हैं। इसके साथ ही महंगाई भत्ते को बेसिक पे में शामिल किए जाने की संभावना भी जताई जा रही है, जैसा पहले के वेतन आयोगों में किया गया था।
न्यूनतम वेतन में संभावित बदलाव
फिलहाल लेवल-1 के कर्मचारी की बेसिक सैलरी ₹18,000 है और डीए व अन्य भत्ते जोड़ने के बाद उसकी ग्रॉस सैलरी करीब ₹35,000 प्रति माह बनती है। अगर 8वें वेतन आयोग में कुल 34 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी होती है, तो यही ग्रॉस सैलरी बढ़कर लगभग ₹46,000 से ₹47,000 प्रति माह तक पहुंच सकती है। यानी हर महीने करीब ₹11,900 की सीधी बढ़ोतरी संभव है। यह आंकड़ा न्यूनतम वेतन पाने वाले कर्मचारियों का है, जबकि ऊंचे वेतन स्तर पर यह लाभ और भी ज्यादा हो सकता है।
एरियर से मिल सकता है बड़ा फायदा
कर्मचारियों के लिए सैलरी बढ़ोतरी के साथ-साथ एरियर सबसे बड़ा आकर्षण बना हुआ है। अगर 8वां वेतन आयोग जनवरी 2028 में लागू होता है और इसकी सिफारिशें जनवरी 2026 से प्रभावी मानी जाती हैं, तो कर्मचारियों को पूरे 24 महीने का एरियर मिलेगा। ऊपर दिए गए उदाहरण के अनुसार यदि किसी कर्मचारी की सैलरी में हर महीने ₹11,900 की बढ़ोतरी होती है, तो दो साल का एरियर करीब ₹2.85 लाख बन सकता है। यानी न्यूनतम वेतन पाने वाले कर्मचारी को भी एकमुश्त ढाई से तीन लाख रुपये तक मिल सकते हैं, जबकि अधिक वेतन वालों को इससे कहीं ज्यादा लाभ होगा।
कर्मचारियों की आर्थिक स्थिति पर असर
अभी कर्मचारियों और पेंशनर्स को आयोग की रिपोर्ट और सरकार के अंतिम फैसले का इंतजार है। जब तक आधिकारिक घोषणा नहीं होती, तब तक ये सभी आंकड़े अनुमान पर आधारित हैं। लेकिन इतना तय माना जा रहा है कि 8वें वेतन आयोग के लागू होने से केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनभोगियों की आय में बड़ा सुधार होगा। इससे न सिर्फ उनका जीवन स्तर बेहतर होगा बल्कि बाजार में खर्च बढ़ने से अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी। बढ़ती महंगाई के बीच पेंशन में संभावित बढ़ोतरी पेंशनर्स के लिए भी बड़ी राहत साबित हो सकती है। दिसंबर 2025 तक लाखों कर्मचारी और पेंशनभोगी इस बड़ी घोषणा का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।